नई दिल्ली(एजेंसी):मौसम विभाग ने उत्तरी अरब सागर के ऊपर गहरे दबाव के क्षेत्र के चक्रवाती तूफान में बदलने की पुष्टि की है। यह पश्चिम-दक्षिण-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ेगा और अगले 24 घंटे में और तीव्र होकर भीषण चक्रवात में बदल जाएगा।
आईएमडी के ताजा अपडेट के मुताबिक, आईएमडी ने पहले सूचित किया था कि उत्तर-पूर्व अरब सागर पर एक गहरा दबाव क्षेत्रव 12 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से पश्चिम-उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ रहा है। 3 अक्टूबर को सुबह 8.30 बजे कर यह दबाव क्षेत्र द्वारका से लगभग 240 किलोमीटर पश्चिन-दक्षिण-पश्चिम और पोरबंदर से 270 किलोमीटर पश्चिम में केंद्रित था।
भीषण चक्रवाती तूफान में तब्दील होने की आशंका
अगले तीन घंटों में इस दबाव क्षेत्र के पश्चिम-उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ने और एक चक्रवाती तूफान में बदलने की आशंका है। इसके बाद यह शुरुआत में लगभग पश्चिम की ओर और बाद में पश्चिम-दक्षिण-पश्चिम की ओर बढ़ सकता है और अगले 24 घंटों में और मजबूत होकर एक भीषण चक्रवाती तूफान में तब्दील हो सकता है।
उत्तर-पूर्वी अरब सागर के ऊपर दिख रही भंवर
इनसैट-3डी सैटेलाइट इमेट में उत्तर-पूर्वी अरब सागर के ऊपर एक भंवर दिखाई दे रही है। उत्तरी और उससे सटे मध्य अरब सागर, साथ ही कच्छ क्षेत्र और कच्छ की खाड़ी में बिखरे हुए से लेकर टूटे हुए निम्न और मध्यम बादल, तीव्र से लेकर अति तीव्र संवहन के साथ देखे जा रहे हैं। इससे पहले, आईएमडी ने एक्स पर आगामी चक्रवात शक्ति के संभावित मार्ग के बारे में जानकारी देते हुए एक अपडेट पोस्ट किया था।
उत्तर-पूर्व अरब सागर पर एक गहरा दवाब
आईएमडी के अनुसार, अधिकांश संख्यात्मक मौसम पूर्वानुमान मॉडल संकेत देते हैं कि उत्तर-पूर्व अरब सागर पर एक गहरा अवदाब उत्तर-पूर्व और समीपवर्ती उत्तर-पश्चिम अरब सागर पर एक लूप में आगे बढ़ने की संभावना है, जो आगे चलकर एक गंभीर चक्रवाती तूफान में बदल सकता है।
चक्रवात का नाम शक्ति क्यों रखा गया?
‘शक्ति’ नाम बंगाल की खाड़ी और अरब सागर में चक्रवातों के लिए 2004 में स्थापित एक क्षेत्रीय नामकरण प्रणाली के अनुसार रखा गया है। जिसका प्रबंधन विश्व मौसम विज्ञान संगठन (डब्ल्यूएमओ) और एशिया और प्रशांत के लिए आर्थिक और सामाजिक आयोग (ईएससीएपी) द्वारा किया जाता है।
इस व्यवस्था के एक हिस्से के रूप में ‘शक्ति’ नाम श्रीलंका द्वारा सुझाया गया था। ‘शक्ति’ शब्द एक प्राचीन, समृद्ध तमिल शब्द है जिसका अर्थ ‘शक्ति’ है।





































