खत्म हुआ इंतजार! सामने आई लालबागचा राजा की पहली झलक, इस बार कैसा सजा है बप्पा का भव्य दरबार?

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नई दिल्ली(एजेंसी):गणेश चतुर्थी का त्योहार अब बस दो दिन दूर है। इसकी धूम अभी से नजर आने लगी है। जगह-जगह बन रहे गणपति के पंडाल, बताते हैं कि भक्त कितनी बेसब्री से बप्पा के आगमन का इंतजार कर रहे हैं। गणपति पंडालों की बात करें, तो लालबागचा राजा का नाम सबसे पहले आता है।

लालबागचा राजा के भक्तों का इंतजार अब खत्म हो गया है। 11 सितंबर को शाम 7 बजे लालबागचा राजा की पहली झलक सामने आई। पर्दा उठते ही पूरा पंडाल जश्न के माहौल में डूब गया। आइए जानें लालबागचा राजा की पहली झलक के बारे में।

इस साल लालबागचा राजा का पंडाल एक भव्य मंदिर की तरह तैयार किया गया है। पंडाल के अंदर बारीक कारीगरी की गई है और उस पर चांदी की परत चढ़ी है, जो पंडाल को रॉयल लुक दे रहा है। पंडाल की बारीक कारीगरी देखकर आप हैरान हो जाएंगे।

लालबागचा राजा की पोशाक

पहली झलक के मौके पर लालबागचा राजा अपने ट्रेडमार्क और पारंपरिक लुक में नजर आए। इस साल बप्पा नारंगी रंग की धोती पहनकर विराजमान हैं। भक्तों को आशीर्वाद देते लालबागचा राजा के इस रूप ने श्रद्धालुओं का दिल खुशी से भर दिया।

11 दिनों तक कर सकेंगे दर्शन

लालबागचा राजा की पहली झलक के बाद भक्त बप्पा के दर्शन के लिए बेचैन हैं। इस बार श्रद्धालु 14 सितंबर से लेकर 25 सितंबर तक लालबागचा राजा के दर्शन कर पाएंगे। बप्पा के दर्शन के लिए भारी भीड़ उमड़ती है और उनकी एक झलक के लिए श्रद्धालु घंटों लाइन में खड़े रहते हैं।

लालबागचा राजा की नवसाची लाइन में भक्त 24 से 40 घंटों तक का इंतजार करते हैं, ताकि बप्पा को एक बार करीब से देखकर उनका आशीर्वाद ले सकें।

लालबागचा राजा का इतिहास

लालबागचा राजा की स्थापना सार्वजनिक गणेश महोत्सव मंडल से जुड़ी है। ये मंडल 1934 ममें बना था और तब से लालबागचा राजा मुंबई के गणेशोत्सव का मुख्य केंद्र बन गए। हर साल लाखों की संख्या में भक्त लालबागचा राजा के दर्शन करने आते हैं। माना जाता है कि लालबागचा राजा के दर्शन से भक्तों की सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं।

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