बिना वैकल्पिक मार्ग दिए आम रास्ता बंद करने की साजिश, प्राथमिक शाला और आंगनबाड़ी के बच्चों का भविष्य अधर में
पूर्व में बनी लिखित सहमति से मुकरा कोरबा प्रबंधन और टीएमसी कंपनी
विधायक की मौजूदगी में निराकरण की मांग, कल होगा उग्र विरोध प्रदर्शन
कोयलाधानी भूविस्थापित किसान संघ के केंद्रीय अध्यक्ष गजेंद्र पाल सिंह तंवर की अध्यक्षता में भेजीनारा-लालपुर के ग्रामीणों की एक आपात बैठक संपन्न हुई बैठक में ग्रामीणों ने आक्रोश व्यक्त करते हुए कहा कि एसईसीएल कोरबा प्रबंधन और आउटसोर्सिंग ठेका कंपनी TMC (द माइनिंग कंपनी) मिलकर ग्रामीणों के आवागमन के एकमात्र मुख्य रास्ते को जबरन बंद करने का षड्यंत्र रच रहे हैं
इसके बावजूद अब एसईसीएल प्रबंधन और TMC कंपनी के अधिकारी पुलिस प्रशासन का सहारा लेकर बिना कोई वैकल्पिक मार्ग प्रदान किए इस रास्ते को जबरन बंद कर रहे हैं ।
स्कूली बच्चों और किसानों के जीवन पर सीधा असर
यह रास्ता केवल एक सड़क नहीं बल्कि क्षेत्र की जीवनरेखा है ।
01. शिक्षा पर संकट: लालपुर के छोटे-छोटे बच्चे इसी रास्ते से होकर भेजीनारा स्थित प्राथमिक शाला और आंगनबाड़ी केंद्र जाते हैं मार्ग बंद होने से बच्चों की शिक्षा और सुरक्षा खतरे में पड़ जाएगी ।
02. किसानों की आजीविका: वर्षों से ग्रामीण और किसान इसी मार्ग का उपयोग अपनी कृषि गतिविधियों और आवागमन के लिए करते आ रहे हैं ।
विधायक से उपस्थिति की अपील और आंदोलन का ऐलान
आज की बैठक में तय किया गया कि प्रशासन और पुलिस बल की मौजूदगी में कराए जाने वाले इस बाउंड्रीवाल निर्माण का कल ग्रामीण और संघ मिलकर उग्र विरोध करेंगे ।
ग्रामीणों और भूविस्थापित संघ ने कटघोरा विधानसभा क्षेत्र के स्थानीय विधायक से अपील की है कि वे आज मौके पर उपस्थित रहें और जनहित को ध्यान में रखते हुए इस समस्या का स्थायी निराकरण कराएं संघ ने मांग की है कि प्रशासन और प्रबंधन गलत जानकारी देकर ग्रामीणों को गुमराह करना बंद करे आम रास्ते को बहाल रखे तथा पूर्व में सहमत 8 सूत्रीय मांगों का तत्काल निराकरण कर विवाद को समाप्त करे ।





















































