कोरबा@M4S:आम आदमी पार्टी के महासचिव उत्तम जायसवाल ने पूर्व गृहमंत्री ननकी राम कंवर से मुलाकात कर कलेक्टर की कार्यशैली पर विस्तार से चर्चा की। श्री कंवर ने उन्हें पूरे कागजात दिखाए। श्री जायसवाल ने कहा श्री कंवर ने ही कांग्रेस सरकार में किए गए पीएससी घोटले को उजागार किया था। उन्होंने ही सबसे पहले इसे पटल पर लाया और आज पीएससी घोटाला जनता के सामने आया। जाँच बैठी और आज उस पर कार्रवाई हो रही है। श्री जायसवाल ने कहा कि इस पूरे मामले में श्री कंवर का योगदान छत्तीसगढ़ के युवा पीढ़ी के लिए एक मिसाल साबित हुआ। अब जब वे कलेक्टर के ऊपर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगा रहे हैं तो भाजपा की विष्णुदेव साय की सरकार इस मामले को संज्ञान में लेने के बजाय उन्हें संरक्षण दे रही है ये समझ से परे है। एक कलेक्टर की कार्यशैली पर उठ रहे सवाल की न्यायिक जांच करने के बजाय उन्होंने अपने ही पार्टी के कद्दावर नेता कंवर को हाउस अरेस्ट कर लिया ये बेहद गंभीर विषय है उनकी मांग जायज है। उन्होंने कहा कि इस सरकार में खुद की पार्टी के पूर्व गृहमंत्री को मुख्यमंत्री निवास के सामने धरना देने पर मजबूर होना पड़ रहा है, जबकि उन्होंने पत्र लिखकर अल्टीमेटम दिया था। बावजूद इस पर मुख्यमंत्री कुंभकर्ण की नींद सोए हुए हैं। यह एक गंभीर विषय है। श्री जायसवाल ने कहा कि मुख्यमंत्री अपनी ही पार्टी के कद्दावर नेता की नही सुन रहे हैं तो आम आदमी की क्या बिसात और यही सच्चाई है जो इस सरकार में अब जगजाहिर हो रही है कि प्रशासन के लोग आम आदमी की बातों को नही सुन रहे हैं । डीएमएफ फंड की बंदरबांट हो रही है। सुनियोजित षड्यंत्र तरीके से कैसे इस राशि की लूट की जाए ये अधिकारी जानते हैं। उन्होंने कहा कि ननकी राम कंवर राज्य सरकार में गृहमंत्री रह चुके हैं, उन्होंने अपने कार्यकाल में ईमानदारी से कार्य किया। वे चाहते तो वे भ्रष्टाचार कर अकूत संम्पत्ति बना सकते थे, लेकिन उन्होंने ईमानदारी से अपने पद का निर्वहन किया। इसीलिए वो इस सिस्टम में नही रह पाए।जायसवाल ने कहा कि कलेक्टर के विरुद्ध उनके पास पर्याप्त दस्तावेज आ चुके हैं, जो उनके कार्यशैली पर गंभीर प्रश्नचिन्ह है। प्रदेश कमेटी के अन्य नेताओं से चर्चा कर इस पर आवश्यक निर्णय लिया जाएगा। मुलाकात के दौरान प्रदेश उपाध्यक्ष अभिषेक मिश्रा, प्रदेश संगठन मंत्री आनंद सिंह व आज़ाद बक्स शामिल रहे।





































